मुजफ्फरनगर: खतौली पुलिस मुठभेड़ में 10 हजार रुपये का इनामी गौपालक शकील घायल हो गया और गोली लगने के बाद गिरफ्तार कर लिया गया.
मुजफ्फरनगर अपराधियों के विरुद्ध चलाये जा रहे सघन अभियान के तहत खतौली पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस मुठभेड़ के दौरान 10 हजार रुपये के इनामी अभियुक्त शकील को घायल अवस्था में गिरफ्तार कर लिया गया. आरोपी ने पुलिस टीम पर जानलेवा फायरिंग की थी, जिसके बाद आत्मरक्षा में वह घायल हो गया और उसे मौके पर ही पकड़ लिया गया. 🚨
घायल आरोपी को तुरंत इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया, जबकि उसके कब्जे से अवैध हथियार और बिना नंबर की मोटरसाइकिल बरामद की गई. इस कार्रवाई को जिले में अपराध नियंत्रण की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है.
संदिग्ध वाहन चेकिंग के दौरान आरोपी सामने आया
खतौली थाने की टीम एनएच-58 से गांव सरधन रोड पर संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी. इसी दौरान मोटरसाइकिल सवार एक व्यक्ति पुलिस टीम को देखकर घबरा गया और अचानक रास्ता बदल कर भागने लगा. पुलिस ने उसका पीछा किया तो उसकी बाइक फिसल गई और वह सड़क पर गिर गया।
खुद को पुलिस से घिरा देख आरोपी ने अचानक पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी, जिससे मौके पर तनावपूर्ण स्थिति पैदा हो गई. पुलिस टीम ने पहले तो आरोपी को आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी, लेकिन जब उसने फायरिंग जारी रखी तो जवाबी कार्रवाई करनी पड़ी.
जवाबी फायरिंग में घायल हुआ आरोपी, मौके से गिरफ्तार
आत्मरक्षा में पुलिस की नियंत्रित फायरिंग के दौरान आरोपी शकील घायल हो गया। इसके बाद पुलिस टीम ने उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तारी के बाद उन्हें घायल अवस्था में इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया.
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक आरोपी की लंबे समय से तलाश थी और उसकी गिरफ्तारी के लिए विशेष प्रयास किये जा रहे थे. मुठभेड़ के बाद उसकी गिरफ्तारी से पुलिस को अहम सफलता मिली है.
आरोपी शकील के खिलाफ कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं
गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान शकील पुत्र बिन्नी निवासी ग्राम रुहासा, थाना दौराला, जिला मेरठ (निवासी देवीदास हाल निवासी खतौली) के रूप में हुई है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक आरोपी के खिलाफ कई संगीन मामलों में केस दर्ज हैं.
वर्ष 2018 में सरधना थाना क्षेत्र में गोवध अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। साल 2024 में उसके खिलाफ खतौली थाने में गोवध अधिनियम और पशु क्रूरता अधिनियम के तहत कार्रवाई भी की गई थी. वर्ष 2026 में उन्हें विभिन्न धाराओं के तहत वांछित घोषित किया गया था और उसी वर्ष उनके खिलाफ आर्म्स एक्ट से संबंधित मामला भी दर्ज किया गया था।
इन मामलों के चलते आरोपी पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था.
अवैध पिस्टल, कारतूस व बिना नंबर की बाइक बरामद
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने अभियुक्त के कब्जे से एक 315 बोर का पिस्तौल, एक जिंदा कारतूस, एक चला हुआ कारतूस और एक बिना नंबर की मोटरसाइकिल बरामद की. बरामदगी से यह स्पष्ट हो गया कि अभियुक्त अवैध हथियारों के साथ आपराधिक गतिविधियों में सक्रिय रूप से शामिल था।
पुलिस ने बरामद सामान को कब्जे में लेकर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है और आरोपियों के नेटवर्क से जुड़े अन्य संभावित लोगों के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है.
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में हुई कार्रवाई
यह पूरी कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा की गई संजय कुमार वर्मा खतौली थाना प्रभारी निरीक्षक के निर्देशन में दिनेश चंद्र बघेल के नेतृत्व में सम्पन्न हुआ। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले में अपराधियों के खिलाफ विशेष अभियान जारी है.
इस तरह की कार्रवाइयों से न केवल वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी हो रही है बल्कि अन्य अपराधियों को भी कड़ा संदेश जा रहा है।
क्षेत्र में अपराधियों पर दबाव बढ़ेगा, पुलिस का अभियान जारी रहेगा
खतौली इलाके में हुई इस मुठभेड़ को पुलिस की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है. इस कार्रवाई को लेकर स्थानीय स्तर पर भी चर्चा है कि इससे अपराधियों के मनोबल पर असर पड़ेगा और कानून-व्यवस्था मजबूत होगी.
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में अपराध नियंत्रण के लिए विशेष अभियान जारी रहेगा और वांछित अपराधियों के खिलाफ इसी तरह प्रभावी कार्रवाई की जाएगी.
