हर घर में नल, लेकिन पानी गायब:अमेठी में 3 साल से सूखे पड़े हैं नल, सैकड़ों परिवार परेशान

उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले में जल जीवन मिशन के तहत हर घर नल योजना लागू की गई, जिसका उद्देश्य हर घर को स्वच्छ पानी उपलब्ध कराना है। लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है. संग्रामपुर ब्लॉक के चराई का तारा मजरा बड़गांव में सैकड़ों परिवार आज भी पानी की एक-एक बूंद के लिए संघर्ष कर रहे हैं। यहां हर घर में नल तो लगा दिया गया, लेकिन आज तक जलापूर्ति शुरू नहीं हो सकी है. इसके चलते लोगों को रोजमर्रा की जरूरतों के लिए भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
नल तो लगे लेकिन पानी नहीं आया।
ग्रामीणों के मुताबिक करीब तीन साल पहले जल जीवन मिशन के तहत गांव में पाइप लाइन बिछाई गई थी। इसके लिए सड़कें खोदी गईं और हर घर में नल भी लगाए गए. लेकिन इतने समय बाद भी नलों में पानी की एक बूंद भी नहीं आई। कॉलोनी निवासी हरकेश सरोज का कहना है कि योजना के नाम पर काम तो हुआ, लेकिन उसका कोई लाभ नहीं मिला।
कनेक्शन नंबर मिला, सुविधा नहीं
गांव के रमेश ने बताया कि नल कनेक्शन के साथ उनके घर का नंबर अंकित किया गया है, जिससे साबित होता है कि उनका घर योजना में शामिल है. लेकिन इसके बावजूद जलापूर्ति शुरू नहीं हुई. इसी तरह कई अन्य लोगों का भी कहना है कि योजना को सिर्फ कागजों पर ही पूरा दिखाया गया है, जबकि हकीकत में स्थिति बिल्कुल अलग है.
ग्रामीणों का आरोप : विभाग की लापरवाही
जीवनलाल कोरी, राजकली कोरी, मालती कोरी, राम बहादुर कोरी और भगवती कोरी समेत कई ग्रामीणों ने संबंधित विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि अधिकारियों व कर्मचारियों की लापरवाही के कारण यह समस्या बनी हुई है। उन्होंने मांग की है कि जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए और जल्द से जल्द पानी की व्यवस्था शुरू की जाए.
जल संकट एक बड़ी समस्या बन गई है
गांव में पेयजल की कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं होने से लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. महिलाओं और बच्चों को दूर-दराज से पानी लाना पड़ता है। ऐसे में सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना पर सवाल उठ रहे हैं कि आखिर लोगों को इसका लाभ कब मिलेगा.
