काशीपुर: चैती मेला परिसर और मंदिर का किया जाएगा विकास, सीएम ने मास्टर प्लान तैयार करने के दिए निर्देश
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि चैती मेले से अब तक प्राप्त लगभग 13 करोड़ रूपये की धनराशि से चैती मेला परिसर का विकास एवं सौन्दर्यीकरण किया जायेगा। उन्होंने मेला परिसर के विकास के लिए मास्टर प्लान तैयार करने का निर्देश जिलाधिकारी को दिया.
मां बाल सुंदरी देवी उज्जयिनी शक्तिपीठ में आयोजित भजन संध्या में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होने पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि यह मेला सिर्फ एक आयोजन नहीं बल्कि हमारी लोक आस्था, सांस्कृतिक विरासत और गौरवशाली परंपराओं का जीवंत उत्सव है. उन्होंने कहा कि यह मेला भव्य रूप लेता जा रहा है. इस आयोजन से क्षेत्र में व्यापार, पर्यटन बढ़ेगा और अनेक संभावनाएं पैदा होंगी। स्थानीय विकास भी तेज गति से आगे बढ़ेगा।
सीएम ने कहा कि आज अनेक चुनौतियों का सामना करते हुए भी उत्तराखंड देश के प्रथम पंक्ति के राज्यों में अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार चैती मंदिर को मानसखंड से जोड़कर एक प्रमुख सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक केंद्र के रूप में विकसित करने का काम कर रही है. सीएम ने कहा कि चैती मंदिर हमारे उत्तराखंड के द्वार पर है, इसलिए इसका मास्टर प्लान बनाया जाए ताकि मंदिर का भव्य स्वरूप बनाया जा सके.
उन्होंने कहा कि चैती मेला मंदिर से अब तक प्राप्त लगभग 13 करोड़ रुपये की राशि, जो कोष में जमा की गयी है, का उपयोग चैती मेला परिसर, मंदिर के विकास और मेले के आयोजन के लिए मास्टर प्लान बनाने में किया जाएगा. मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य ने सबसे पहले समान नागरिकता का कानून लागू किया है. प्रदेश में नकल पर सख्त कानून भी बनाया गया जिससे पारदर्शिता के साथ 30 हजार युवाओं को रोजगार मिला है। सरकार काशीपुर के सर्वांगीण विकास के लिए कार्य कर रही है। सीएम ने कहा कि 133 एकड़ क्षेत्र में इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर पार्क विकसित किया जा रहा है. 16 औद्योगिक इकाइयां आवंटित की गई हैं।
सीएम ने कहा कि काशीपुर में करीब 1900 करोड़ रुपये की लागत से पेयजल, सीवरेज, सड़क सुधार, ट्रीटमेंट प्लांट जैसे काम तेजी से चल रहे हैं. इसके अलावा रोजगार और उद्योग को बढ़ावा देने के लिए 1100 करोड़ रुपये के इंडस्ट्रियल हब प्रोजेक्ट और 100 करोड़ रुपये के अरोमा पार्क प्रोजेक्ट पर काम किया जा रहा है. इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को लाभ होगा. शहर में बहुमंजिला पार्किंग और नए तहसील भवन का निर्माण कार्य चल रहा है।
