उत्तर प्रदेश सरकार के नौ वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जनपद… मुजफ्फरनगर नौ दिवसीय विकासोत्सव कार्यक्रम गुरुवार को उत्साहपूर्ण एवं गरिमामय माहौल में संपन्न हो गया। मेरठ रोड स्थित राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) परिसर में आयोजित समापन समारोह में विकास, सुशासन और जन कल्याण की योजनाओं की व्यापक झलक पेश की गई। कार्यक्रम स्थल पर सुबह से ही नागरिकों, विद्यार्थियों एवं विभिन्न विभागों के अधिकारियों की सक्रिय उपस्थिति देखी गयी, जिससे पूरे आयोजन में जनभागीदारी का प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखाई दिया।
समापन समारोह में उत्तर प्रदेश सरकार में व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमिता विभाग के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। जिला अधिकारी उमेश मिश्रा उन्होंने उनका स्वागत करते हुए कार्यक्रम की रूपरेखा एवं उद्देश्य पर प्रकाश डाला। आयोजन का मुख्य उद्देश्य सरकार की उपलब्धियों को आम जनता तक पहुंचाना और योजनाओं के बारे में जागरूकता बढ़ाना था.
विकास प्रदर्शनी में योजनाओं की झलक ने लोगों का ध्यान खींचा.
पूरे कार्यक्रम के दौरान आईटीआई परिसर में लगे विभागीय स्टॉल आकर्षण का केंद्र बने रहे। प्रदर्शनी के माध्यम से शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, महिला सशक्तिकरण, स्वरोजगार, सामाजिक सुरक्षा एवं आधारभूत संरचना से संबंधित योजनाओं की जानकारी सरल एवं प्रभावी ढंग से प्रस्तुत की गयी। बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों ने योजनाओं की विस्तृत जानकारी ली और संबंधित अधिकारियों से सीधा संवाद भी किया।
प्रदर्शनी में युवाओं की भागीदारी विशेष रूप से उल्लेखनीय रही। तकनीकी शिक्षा, रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण एवं उद्यमिता से जुड़ी योजनाओं की जानकारी लेने के लिए विद्यार्थियों में उत्साह दिखा। कई अभिभावकों ने भी अपने बच्चों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए कौशल विकास कार्यक्रमों में रुचि दिखाई।
मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने प्रदेश की विकास यात्रा को ऐतिहासिक बताया.
समारोह को सम्बोधित करते हुए मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि पिछले नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने विकास एवं सुशासन के क्षेत्र में उल्लेखनीय परिवर्तन दर्ज किये हैं। उन्होंने कहा कि राज्य अब न केवल जनसंख्या के आधार पर बल्कि आर्थिक गतिविधियों और निवेश के मामले में भी देश के अग्रणी राज्यों में अपनी पहचान मजबूत कर रहा है।
उन्होंने कहा कि राज्य में बुनियादी ढांचे के विस्तार, औद्योगिक निवेश को प्रोत्साहन, शैक्षणिक संस्थानों के विकास और स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण से सकारात्मक बदलाव स्पष्ट दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने कानून-व्यवस्था में सुधार को राज्य की प्रगति का मुख्य आधार बताया.
डबल इंजन सरकार के समन्वय से विकास योजनाओं की गति बढ़ी।
अपने संबोधन में उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों को विकास की गति में महत्वपूर्ण कारक बताया. उन्होंने कहा कि विभिन्न योजनाओं का लाभ सीधे पात्र लाभार्थियों तक पहुंच रहा है, जिससे शासन प्रणाली में पारदर्शिता और विश्वास दोनों मजबूत हुए हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि सड़क निर्माण, बिजली आपूर्ति, डिजिटल सेवाओं के विस्तार और औद्योगिक परियोजनाओं की स्थापना जैसे क्षेत्रों में किये गये कार्यों से राष्ट्रीय स्तर पर राज्य की छवि मजबूत हुई है. निवेशकों का बढ़ता विश्वास इस बदलाव का प्रमाण है।
गरीबों, किसानों, महिलाओं और युवाओं के लिए योजनाएं बदलाव का आधार बनीं।
समारोह के दौरान विभिन्न वक्ताओं ने कहा कि राज्य सरकार की योजनाएं समाज के सभी वर्गों को ध्यान में रखकर बनायी गयी हैं. किसानों के लिए कृषि सहायता योजनाएँ, गरीबों के लिए आवास और खाद्य सुरक्षा योजनाएँ और महिलाओं के लिए स्व-रोज़गार और सुरक्षा पहल बड़े पैमाने पर कारगर साबित हो रही हैं।
महिलाओं के लिए स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से आर्थिक सशक्तिकरण के अवसर बढ़े हैं, वहीं कौशल विकास कार्यक्रमों के माध्यम से युवाओं को रोजगार से जोड़ने का प्रयास जारी है। इस दिशा में तकनीकी संस्थानों की भूमिका और भी महत्वपूर्ण होती जा रही है।
लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरण से आत्मविश्वास बढ़ा
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न शासकीय योजनाओं से लाभान्वित नागरिकों को प्रमाण पत्र वितरित किये गये। प्रमाण पत्र प्राप्त करने वाले लाभार्थियों के चेहरे पर संतुष्टि एवं आत्मविश्वास साफ झलक रहा था। कई लाभार्थियों ने कहा कि योजनाओं से उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है।
यह पहल केवल औपचारिक प्रक्रिया तक ही सीमित नहीं रही, बल्कि इसने समाज के अन्य लोगों को भी इन योजनाओं से जुड़ने के लिए प्रेरित किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में विकास और परंपरा की झलक दिखी
समापन समारोह के दौरान छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत किये गये सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने कार्यक्रम को और अधिक जीवंत बना दिया। इन प्रस्तुतियों के माध्यम से प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत और आधुनिक विकास यात्रा को एक साथ मंच पर प्रदर्शित किया गया।
लोक नृत्य, समूह गीत और सामाजिक संदेशों पर आधारित प्रस्तुतियों ने उपस्थित लोगों को भावनात्मक रूप से बांध दिया। दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया।
जनभागीदारी से कार्यक्रम में जनउत्सव जैसा माहौल बन गया
समापन समारोह में बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक, छात्र, शिक्षक और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे। प्रदर्शनी स्टालों पर लगातार लोगों की भीड़ से यह स्पष्ट हो गया कि इस कार्यक्रम ने आम जनता के बीच योजनाओं के बारे में जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
लोगों को योजनाओं की जानकारी मिलने के साथ-साथ प्रशासनिक अधिकारियों से भी सीधा संवाद हुआ, जिससे सरकार और जनता के बीच विश्वास का रिश्ता और मजबूत हुआ।
प्रदेश की विकास यात्रा को समझने का अवसर मिला
नौ दिवसीय कार्यक्रम के दौरान आयोजित प्रदर्शनियों एवं संवाद सत्रों से नागरिकों को राज्य में किये गये विकास कार्यों को करीब से समझने का अवसर मिला। शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, सुरक्षा और रोजगार जैसे क्षेत्रों में किये गये कार्यों की जानकारी से लोगों के बीच सकारात्मक संदेश गया.
ऐसे आयोजन भविष्य की योजनाओं के प्रति विश्वास बढ़ाने के साथ-साथ समाज के विभिन्न वर्गों को विकास प्रक्रिया से जोड़ने का माध्यम भी बन रहे हैं।
आईटीआई परिसर में आयोजित नौ दिवसीय विकासोत्सव के समापन समारोह से यह संदेश स्पष्ट रूप से स्थापित हुआ कि योजनाओं की जानकारी और जनभागीदारी से ही विकास की गति को मजबूत किया जा सकता है। बड़ी संख्या में उपस्थित नागरिकों, विद्यार्थियों एवं अधिकारियों की सक्रिय भागीदारी ने इस आयोजन को जन-जागरूकता का एक प्रभावी मंच बना दिया, जिससे व्यापक स्तर पर राज्य की विकास यात्रा को समझने एवं उससे जुड़ने का अवसर मिला।