Breaking News
प्रैक्टिकल में फेल करने का आरोप मिल्कीपुर में छात्रा ने प्रिंसिपल पर लगाए गंभीर आरोप

अयोध्या जिले के मिल्कीपुर इलाके से शिक्षा व्यवस्था से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसने सभी को हैरान कर दिया है. एक छात्रा ने अपने ही स्कूल के प्रिंसिपल पर जानबूझकर प्रैक्टिकल परीक्षा में फेल करने का आरोप लगाया है. छात्रा का कहना है कि उसने लिखित परीक्षा तो पास कर ली, लेकिन प्रैक्टिकल में बहुत कम अंक देकर उसका रिजल्ट खराब कर दिया गया. यह मामला आजाद इंटर कॉलेज, पलिया जगमोहन सिंह (कुचेरा) का है। शिकायत के बाद जिला प्रशासन ने जांच के आदेश दे दिए हैं, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है.

लिखित परीक्षा में पास, प्रैक्टिकल में कम अंक
छात्रा के मुताबिक यूपी बोर्ड की लिखित परीक्षा में उसने सभी विषयों में सफलता हासिल की थी. लेकिन 23 अप्रैल 2026 को घोषित रिजल्ट में उन्हें प्रैक्टिकल में बहुत कम अंक दिए गए. विज्ञान में 2, सामाजिक विज्ञान में 4, हिंदी में 3, अंग्रेजी में 2, गृह विज्ञान में 3 और संस्कृत में 4 अंक दिए गए। इन कम अंकों के कारण उनका पूरा रिजल्ट प्रभावित हुआ और वह फेल हो गईं.

प्रिंसिपल पर लगाए गंभीर आरोप
छात्रा ने बताया कि 10 जनवरी 2026 को वह अपने पिता के साथ स्कूल गई थी और कहा था कि वह आगे नहीं पढ़ेगी. इस पर प्रधानाध्यापक देव कुमार यादव उर्फ ​​बिल्लू नाराज हो गये. आरोप है कि उन्होंने अभद्र भाषा का प्रयोग किया और प्रैक्टिकल में फेल करने की धमकी दी। इसके बाद 10 फरवरी को एडमिट कार्ड लेने गए छात्र के साथ भी कथित तौर पर अभद्र व्यवहार किया गया.

शादी के बाद भी कमेंट का आरोप
छात्रा का यह भी आरोप है कि उसकी शादी तय होने के बाद प्रिंसिपल उस पर आपत्तिजनक टिप्पणियां करता था. जब उन्होंने इसका विरोध किया तो उन्हें टारगेट किया गया और कम नंबर देकर प्रैक्टिकल में फेल कर दिया गया.

जांच के आदेश, प्रशासन हरकत में
पीड़ित ने इसकी शिकायत जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी से की। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए और प्रैक्टिकल अंकों में सुधार का आश्वासन दिया. उधर, जिला विद्यालय निरीक्षक (प्रभारी) ओंकार नाथ ने बताया कि पूरे मामले की जांच के लिए टीम गठित कर दी गई है।

परिवार के सदस्यों का आरोप और चेतावनी
परिवार का कहना है कि शिकायत के बावजूद अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ स्थानीय नेता समझौते के लिए दबाव बना रहे थे. परिजनों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द न्याय नहीं मिला तो वे मुख्यमंत्री से मिलकर विरोध प्रदर्शन करेंगे.

सवालों के घेरे में शिक्षा व्यवस्था
इस घटना के बाद सवाल उठ रहा है कि क्या प्रैक्टिकल के अंक छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ का जरिया बन रहे हैं. अब सबकी निगाहें जांच रिपोर्ट और प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं.

(रिपोर्ट:अनूप कुमार अयोध्या)

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *