ग़ाज़ीपुर में शादी से पहले दूल्हा बना आरोपी, जनरेटर के विवाद में युवक को मारी गोली

गाजीपुर जिले से एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक शादी की खुशियां अचानक हिंसा में बदल गईं. मामूली विवाद पर एक दूल्हे ने गुस्से में आकर टेंट संचालक के बेटे पर गोली चला दी. जिस युवक की बारात 20 अप्रैल को आनी थी वह अब पुलिस की हिरासत में है। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और परिवार में मातम का माहौल बन गया है. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है और आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है.
जनरेटर न मिलने से विवाद बढ़ गया
यह मामला जमानिया तहसील के डेवढ़ी गांव का है. यहां रहने वाले वीर बहादुर की शादी 20 अप्रैल को बिहार के केमा मुंडेश्वरी मंदिर में तय हुई थी. 17 अप्रैल की शाम वह शादी की तैयारियों के लिए जनरेटर लेने गांव के टेंट व्यवसायी इमामुद्दीन के यहां गया था। लेकिन पुराना बकाया पैसा होने के कारण इमामुद्दीन ने जेनरेटर देने से इनकार कर दिया, जिससे विवाद शुरू हो गया.
गुस्साए दूल्हे ने फायरिंग कर दी
बताया जा रहा है कि मना करने पर वीर बहादुर नाराज हो गया और गाली-गलौज करने लगा. विवाद बढ़ने पर इमामुद्दीन का बेटा दिलनवाज बीच-बचाव करने पहुंचा। इसी बीच गुस्साए दूल्हे ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल निकाल ली और फायरिंग कर दी. गोली दिलनवाज के हाथ में लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा. घटना के बाद आरोपी अपनी बाइक मौके पर ही छोड़कर भाग गया।
पुलिस की कार्रवाई और घर में सन्नाटा
घटना की जानकारी मिलते ही उत्तर प्रदेश पुलिस मौके पर पहुंची और तत्काल कार्रवाई करते हुए वीर बहादुर को गिरफ्तार कर लिया. शनिवार को उनकी हल्दी की रस्म होनी थी, लेकिन इस घटना के बाद घर में खुशियों की जगह सन्नाटा छा गया.
घायलों के इलाज में लापरवाही का आरोप
रात करीब दो बजे परिजन घायल दिलनवाज को लेकर गाजीपुर मेडिकल कॉलेज पहुंचे। परिजनों का आरोप है कि अगले दिन दोपहर 12 बजे तक डॉक्टरों ने इलाज में लापरवाही बरती और उन्हें इधर-उधर भटकाते रहे. बाद में हंगामा होने पर युवक को बेहतर इलाज के लिए बीएचयू ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया.
शस्त्र लाइसेंस रद्द कर दिया जायेगा
जानकारी के मुताबिक सुरक्षा कारणों से वीर बहादुर को पहले लाइसेंसी हथियार दिया गया था. लेकिन इस घटना के बाद अब जिला प्रशासन उनके शस्त्र लाइसेंस को रद्द करने की प्रक्रिया शुरू कर रहा है.
